हिमाचल में बनेगी ‘स्टेट न्यूट्रिशन पॉलिसी’, कंडाघाट लैब होगी हाईटेक: CM सुक्खू

On: January 14, 2026 5:26 PM
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Meeting of food safety regulation
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शिमला। प्रदेश में बच्चों, किशोरियों, गर्भवती एवं धात्री माताओं सहित सभी संवेदनशील वर्गों को संतुलित और पौष्टिक आहार उपलब्ध करवाने के लिए सरकार जल्द ही स्टेट न्यूट्रिशन पॉलिसी लागू करेगी। मुख्यमंत्री ठाकुर सुखविन्द्र सिंह सुक्खू ने यह घोषणा स्वास्थ्य सुरक्षा एवं विनियमन विभाग की समीक्षा बैठक की अध्यक्षता करते हुए की।

मुख्यमंत्री ने कहा कि इस नीति का उद्देश्य राज्य में पोषण स्तर को सुधारना और समयबद्ध, प्रभावी उपायों के माध्यम से कुपोषण की समस्या से निपटना है। इसके तहत खाद्य पदार्थों की गुणवत्ता जांच, पोषक तत्वों की प्रोफाइलिंग और न्यूट्रिशनल सर्विलेंस को और सुदृढ़ किया जाएगा।

उन्होंने बताया कि कंडाघाट स्थित कंपोजिट टेस्टिंग लैब को विश्वस्तरीय हाई-एंड तकनीक से सुसज्जित किया जाएगा, ताकि खाद्य पदार्थों की सूक्ष्म, सटीक और त्वरित जांच सुनिश्चित की जा सके। प्रथम चरण में बद्दी, मंडी, कांगड़ा और शिमला में क्षेत्रीय प्रयोगशालाएं स्थापित की जाएंगी, जबकि दूसरे चरण में सभी जिलों में आधुनिक प्रयोगशालाएं खोली जाएंगी।

मुख्यमंत्री ने निर्देश दिए कि सार्वजनिक वितरण प्रणाली, आंगनवाड़ी और मिड-डे मील योजना के अंतर्गत वितरित होने वाले खाद्यान्न की नियमित जांच की जाए, ताकि लोगों को गुणवत्तापूर्ण और सुरक्षित भोजन मिल सके। इसके लिए विभाग द्वारा मोबाइल वैन के माध्यम से जांच, जागरूकता और प्रशिक्षण गतिविधियों को भी मजबूत किया जाएगा।

उन्होंने विभाग की कार्यप्रणाली को पारदर्शी और समयबद्ध बनाने के लिए सभी प्रक्रियाओं के डिजिटलीकरण, स्टेट पोर्टल के विकास और स्टेट न्यूट्रिशन डेटाबेस तैयार करने के निर्देश भी दिए।

मुख्यमंत्री ने कहा कि खाद्य पदार्थों में पोषक तत्वों की कमी और कीटनाशकों के बढ़ते उपयोग के कारण कई बीमारियां बढ़ रही हैं। इसी को ध्यान में रखते हुए प्रदेश सरकार प्राकृतिक खेती को बढ़ावा दे रही है और किसानों को विभिन्न योजनाओं के माध्यम से प्रोत्साहित किया जा रहा है।

स्वास्थ्य क्षेत्र में हो रहे सुधारों का उल्लेख करते हुए उन्होंने कहा कि प्रदेश के सभी चिकित्सा महाविद्यालयों में आईसीयू स्थापित किए जा रहे हैं और अस्पतालों में विश्वस्तरीय डॉक्टर-रोगी अनुपात सुनिश्चित किया जा रहा है, ताकि आम जनता को बेहतर स्वास्थ्य सेवाएं मिल सकें।

बैठक में निदेशक डीडीटीजी डॉ. निपुण जिंदल, विशेष सचिव स्वास्थ्य अश्वनी शर्मा, निदेशक स्वास्थ्य सुरक्षा एवं विनियमन जितेन्द्र सांजटा सहित अन्य वरिष्ठ अधिकारी उपस्थित रहे।

Akshay Chauhan

अक्षय चौहान पिछले 12 वर्षों से पत्रकारिता एवं मीडिया प्रबंधन के क्षेत्र में सक्रिय हैं। वे साप्ताहिक हिमालयन डॉन के संपादकीय एवं प्रबंधन कार्यों का सफलतापूर्वक नेतृत्व कर रहे हैं। समाचार संकलन, संपादन, डिजिटल मीडिया, कंटेंट प्रबंधन तथा समाचार पत्र के संचालन में उनका व्यापक अनुभव रहा है।

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