पैरों की जलन से हैं परेशान? अपनाएं ये असरदार आयुर्वेदिक नुस्खे, मिलेगा तुरंत आराम

On: December 29, 2025 9:44 PM
हमें फॉलो करें:
--विज्ञापन यहां--

Whatsapp Channel

Join Now

Telegram Group

Join Now

आज की भागदौड़ भरी जिंदगी में पैरों में जलन की समस्या आम होती जा रही है। लंबे समय तक खड़े रहने, ज्यादा गर्मी, शरीर में पोषक तत्वों की कमी, थकान या फिर अंदरूनी गर्मी के कारण पैरों में जलन और बेचैनी महसूस होने लगती है। कई लोगों को यह परेशानी रात के समय ज्यादा सताती है, जिससे नींद भी प्रभावित होती है। ऐसे में कुछ सरल घरेलू और आयुर्वेदिक उपाय अपनाकर इस समस्या से काफी हद तक राहत पाई जा सकती है।

ठंडे पानी से मिलेगी तुरंत राहत
पैरों की जलन दूर करने का सबसे आसान और असरदार तरीका है ठंडे पानी में पैर डालना। दिन में एक या दो बार 10 से 15 मिनट तक पैरों को ठंडे पानी में रखें। चाहें तो पानी में सेंधा नमक या नीम की पत्तियां मिला सकते हैं। इससे जलन के साथ-साथ सूजन और थकान भी कम होती है।

नारियल तेल और कपूर की मालिश
ठंडे पानी के बाद नारियल तेल में थोड़ा सा कपूर मिलाकर पैरों की हल्की मालिश करें। यह उपाय पैरों को ठंडक देने के साथ नसों को भी आराम पहुंचाता है और जलन से जल्द राहत दिलाता है।

एलोवेरा जेल का इस्तेमाल
एलोवेरा जेल पैरों की जलन के लिए बेहद फायदेमंद माना जाता है। दिन में 1-2 बार पैरों के तलवों और जलन वाले हिस्से पर एलोवेरा जेल लगाने से तुरंत ठंडक महसूस होती है।

अंदरूनी गर्मी कम करने के घरेलू उपाय
शरीर की अंदरूनी गर्मी को शांत करने के लिए ठंडा दूध या छाछ पीना लाभकारी होता है। रोज एक गिलास छाछ पीने से पाचन भी बेहतर रहता है और जलन की समस्या धीरे-धीरे कम होने लगती है।

इसके अलावा धनिया का पानी भी काफी असरदार है। रात को एक चम्मच धनिया पानी में भिगो दें और सुबह छानकर पी लें। यह शरीर को ठंडा रखने में मदद करता है।

आयुर्वेदिक औषधियां जो देती हैं राहत
आयुर्वेद में पैरों की जलन के लिए आंवला, गिलोय और त्रिफला को काफी लाभकारी माना गया है।
आंवला पाउडर को पानी या शहद के साथ लेने से विटामिन-C की कमी पूरी होती है।
गिलोय का काढ़ा शरीर की गर्मी को संतुलित रखता है।
त्रिफला चूर्ण रात को आधा या एक चम्मच गुनगुने पानी के साथ लेने से पाचन सुधरता है और जलन में राहत मिलती है।

खान-पान में करें ये बदलाव
पैरों की जलन से बचने के लिए अपने आहार पर खास ध्यान दें।
हरी सब्जियां, नारियल पानी, केला, अनार और भरपूर मात्रा में सादा पानी जरूर लें। वहीं बहुत ज्यादा मसालेदार, तला-भुना और जंक फूड खाने से बचें, क्योंकि ये शरीर में गर्मी बढ़ाते हैं।

कब डॉक्टर से संपर्क जरूरी है?
अगर पैरों में जलन बहुत ज्यादा हो, साथ में सुन्नपन या दर्द महसूस हो, डायबिटीज की समस्या हो या यह परेशानी लंबे समय से बनी हुई हो, तो बिना देरी किए डॉक्टर से सलाह जरूर लें।

Akshay Chauhan

अक्षय चौहान पिछले 12 वर्षों से पत्रकारिता एवं मीडिया प्रबंधन के क्षेत्र में सक्रिय हैं। वे साप्ताहिक हिमालयन डॉन के संपादकीय एवं प्रबंधन कार्यों का सफलतापूर्वक नेतृत्व कर रहे हैं। समाचार संकलन, संपादन, डिजिटल मीडिया, कंटेंट प्रबंधन तथा समाचार पत्र के संचालन में उनका व्यापक अनुभव रहा है।

व्हाट्सएप से जुड़ें

अभी जुड़ें

टेलीग्राम से जुड़ें

अभी जुड़ें

इंस्टाग्राम से जुड़ें

अभी जुड़ें

यह भी पढ़ें

क्षेत्रीय अस्पताल सोलन में नए पर्ची काउंटर खोलने का प्रस्ताव

क्षेत्रीय अस्पताल सोलन में बढ़ेंगे पर्ची काउंटर, सरकार को भेजा चार नए काउंटरों का प्रस्ताव

राजगढ़ अस्पताल में क्रस्ना डायग्नोस्टिक्स लैब के बाहर मरीजों की लंबी कतार

राजगढ़ अस्पताल में मरीज परेशान, क्रस्ना डायग्नोस्टिक्स लैब के बाहर लंबी कतारें

विश्व स्तनपान सप्ताह के अवसर पर क्षेत्रीय अस्पताल सोलन में माताओं को जागरूक करते स्वास्थ्य विभाग के अधिकारी और चिकित्सक।

विश्व स्तनपान सप्ताह: क्षेत्रीय अस्पताल सोलन में जागरूकता कार्यक्रम आयोजित, नवजात को पहले छह माह केवल मां का दूध पिलाने का संदेश

Himachal ambulance strike 108 102 services halt health emergency patients problem Himachal Pradesh

हिमाचल में स्वास्थ्य सेवाएं ठप: 108-102 एंबुलेंस कर्मियों की 7 दिन की हड़ताल, मरीजों की बढ़ी मुश्किलें

हिमाचल में मातृ शिशु संकल्प योजना हुई शुरू।

इंदिरा गांधी मातृ-शिशु संकल्प योजना: हिमाचल में कुपोषण के खिलाफ ‘सुक्खू सरकार’ का ₹207 करोड़ का मास्टरप्लान

Himachal Pradesh Health Professional Portal ABHA ID Nursing Registration

हिमाचल में स्वास्थ्य क्रांति: आभा आईडी से खुलेगी नर्सों की भी कुंडली, अस्पतालों में शुरू हुआ नर्सिंग स्टाफ का डिजिटल पंजीकरण