हिमाचल नगर निकाय चुनाव: अध्यक्ष पदों का आरक्षण रोस्टर जारी, सामाजिक संतुलन और महिला भागीदारी को मिलेगा बल

On: April 5, 2026 10:27 AM
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Himachal Nagar Nikay reservation roster 2026 chairman posts list municipal election SC ST women seats
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शिमला: हिमाचल प्रदेश में आगामी नगर निकाय चुनावों से पहले शहरी विकास विभाग ने बड़ा कदम उठाते हुए अध्यक्ष पदों के लिए आरक्षण रोस्टर जारी कर दिया है। यह अधिसूचना Himachal Pradesh Municipal Act, 1994 और Municipal Election Rules, 2015 के तहत जारी की गई है, जिससे चुनावी प्रक्रिया को पारदर्शी और संतुलित बनाने का प्रयास किया गया है।

नई व्यवस्था के तहत प्रदेश के विभिन्न नगर परिषदों और नगर पंचायतों में अनुसूचित जाति (SC), अनुसूचित जनजाति (ST), महिलाओं तथा सामान्य वर्ग के लिए अध्यक्ष पद आरक्षित किए गए हैं। इस रोस्टर को सामाजिक न्याय और समावेशी विकास की दिशा में अहम कदम माना जा रहा है।

SC वर्ग के लिए आरक्षित सीटें
अनुसूचित जाति वर्ग के लिए कई महत्वपूर्ण नगर निकायों में अध्यक्ष पद आरक्षित किए गए हैं। इनमें महिला वर्ग को भी प्राथमिकता दी गई है:

  • Una – नगर पंचायत दौलतपुर (SC महिला)
  • Chamba – नगर परिषद चंबा (SC महिला)
  • Kullu – नगर पंचायत बंजार (SC महिला)
  • Bilaspur – नगर परिषद बिलासपुर (SC महिला)
  • Mandi – नगर परिषद सुंदरनगर (SC महिला)

इसके अलावा मेहतपुर बसदेहरा, नगरोटा बगवां, घुमारवीं, रोहड़ू और चिरगांव में भी SC श्रेणी के लिए पद आरक्षित किए गए हैं।

ST वर्ग के लिए आरक्षण
अनुसूचित जनजाति वर्ग के लिए:

  • Kangra – नगर पंचायत शाहपुर (ST)

महिला (सामान्य) वर्ग को व्यापक प्रतिनिधित्व
महिलाओं की भागीदारी बढ़ाने के उद्देश्य से बड़ी संख्या में नगर निकायों में अध्यक्ष पद महिला (सामान्य) वर्ग के लिए आरक्षित किए गए हैं। इनमें कुल्लू, अर्की, ज्वालामुखी, कंडाघाट, संतोषगढ़, अंब, गगरेट, नूरपुर, ठियोग, नाहन, पांवटा साहिब, सरकाघाट, सुजानपुर, डलहौजी, चौपाल, जुब्बल और नारकंडा जैसे प्रमुख क्षेत्र शामिल हैं।

अनारक्षित श्रेणी में भी कई अहम नगर निकाय
प्रदेश के कई नगर निकायों को अनारक्षित श्रेणी में रखा गया है, जिनमें:
कांगड़ा, देहरा, भुंतर, जोगिंदरनगर, नेरचौक, करसोग, रामपुर, राजगढ़, नालागढ़, मनाली और परवाणू जैसे प्रमुख नगर शामिल हैं।

सामाजिक संतुलन की दिशा में अहम कदम
इस आरक्षण रोस्टर के लागू होने से आगामी नगर निकाय चुनावों में सामाजिक संतुलन को मजबूती मिलने की उम्मीद है। खासतौर पर महिलाओं और वंचित वर्गों को नेतृत्व का अवसर मिलने से स्थानीय स्तर पर निर्णय प्रक्रिया अधिक समावेशी और प्रभावी हो सकेगी।

प्रदेश में अब इस रोस्टर के बाद चुनावी सरगर्मियां और तेज होने की संभावना है, क्योंकि संभावित उम्मीदवार अपनी रणनीति को अंतिम रूप देने में जुट जाएंगे।

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Akshay Chauhan

अक्षय चौहान पिछले 12 वर्षों से पत्रकारिता एवं मीडिया प्रबंधन के क्षेत्र में सक्रिय हैं। वे साप्ताहिक हिमालयन डॉन के संपादकीय एवं प्रबंधन कार्यों का सफलतापूर्वक नेतृत्व कर रहे हैं। समाचार संकलन, संपादन, डिजिटल मीडिया, कंटेंट प्रबंधन तथा समाचार पत्र के संचालन में उनका व्यापक अनुभव रहा है।

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