शिमला | हिमाचल प्रदेश की राजधानी शिमला स्थित आर्मी ट्रेनिंग कमांड (ARTRAC) में आज बड़े उत्साह के साथ 78वां सेना दिवस मनाया गया। इस गरिमामयी समारोह में प्रदेश के राज्यपाल शिव प्रताप शुक्ल ने मुख्य अतिथि के रूप में शिरकत की। राज्यपाल ने भारतीय सेना के शौर्य, साहस और राष्ट्र के प्रति उनके अटूट संकल्प की जमकर सराहना की।
साइबर चुनौतियों के बीच आरट्रैक की भूमिका अहम
समारोह को संबोधित करते हुए राज्यपाल ने कहा कि वर्तमान समय में सूचना प्रौद्योगिकी के विस्तार के साथ रक्षा क्षेत्र की चुनौतियां भी बढ़ी हैं। उन्होंने जोर देकर कहा, “आज के दौर में साइबर और सूचना युद्ध (Cyber and Information Warfare) जैसी स्थितियां उत्पन्न हो रही हैं, ऐसे में आरट्रैक द्वारा दिया जा रहा नेतृत्व और आधुनिक प्रशिक्षण भारतीय सेना को सशक्त और भविष्य की चुनौतियों के लिए तैयार बनाने में महत्वपूर्ण भूमिका निभा रहा है।”
वीरभूमि हिमाचल का गौरवशाली सैन्य इतिहास
हिमाचल प्रदेश के साथ सेना के भावनात्मक जुड़ाव का जिक्र करते हुए राज्यपाल ने कहा कि यह प्रदेश केवल ‘देवभूमि’ ही नहीं, बल्कि ‘वीरभूमि’ भी है। प्रदेश का लगभग हर गांव सैन्य सेवा की परंपरा से जुड़ा है। उन्होंने शहीद सैनिकों और उनके परिवारों को श्रद्धांजलि देते हुए कहा कि सैनिकों के परिवारों का मौन बलिदान ही हमारी सशस्त्र सेनाओं की असली ताकत है।
रक्षा बजट 2025-26 और आत्मनिर्भर भारत
राज्यपाल ने केंद्र सरकार द्वारा रक्षा क्षेत्र को मजबूत करने के लिए उठाए गए कदमों की जानकारी दी:
- बजट में वृद्धि: केंद्रीय बजट 2025-26 में रक्षा मंत्रालय के लिए 6,81,210 करोड़ रुपये का प्रावधान किया गया है, जो पिछले वर्ष से 9.5% अधिक है।
- अग्निवीर योजना: इस योजना के लिए बजट बढ़ाकर 11,000 करोड़ रुपये से अधिक किया गया है, जिससे सेना में युवा ऊर्जा और अनुशासन का संचार हो रहा है।
- स्वदेशीकरण: ‘ऑपरेशन सिंदूर’ के दौरान स्वदेशी प्रणालियों के प्रभावी उपयोग को रक्षा क्षेत्र में आत्मनिर्भरता का बड़ा प्रमाण बताया।
पूर्व सैनिकों के कल्याण पर जोर
राज्यपाल ने बताया कि सरकार पूर्व सैनिकों की आर्थिक और सामाजिक सुरक्षा के प्रति प्रतिबद्ध है। ‘वन रैंक वन पेंशन’ (ORP) के संशोधनों से लाखों परिवारों को लाभ मिला है। साथ ही, पूर्व सैनिक अंशदायी स्वास्थ्य योजना (ECHS) के लिए 8,317 करोड़ रुपये का आवंटन किया गया है, जिससे 55 लाख से अधिक लाभार्थियों को स्वास्थ्य सुविधाएं मिल रही हैं।
इससे पहले, आरट्रैक के जनरल ऑफिसर कमांडिंग-इन-चीफ ने राज्यपाल का स्वागत किया। कार्यक्रम के अंत में लेफ्टिनेंट जनरल एस.एस. दहिया ने धन्यवाद प्रस्ताव प्रस्तुत किया।
इस अवसर पर स्वास्थ्य मंत्री डॉ. (कर्नल) धनी राम शांडिल, सांसद सुरेश कश्यप, मेयर सुरेंद्र चौहान, मुख्य सचिव संजय गुप्ता, डीजीपी अशोक तिवारी सहित कई वरिष्ठ नागरिक और सैन्य अधिकारी उपस्थित रहे।
