हिमालयन डॉन, शिमला: हिमाचल प्रदेश की सुक्खू सरकार ने अपनी प्रमुख चुनावी गारंटी ‘इन्दिरा गांधी प्यारी बहना सुख सम्मान निधि योजना’ में एक ऐसा संशोधन किया है, जिससे प्रदेश की लाखों महिलाओं के अरमानों पर पानी फिर सकता है। सरकार ने अब इस योजना के लिए ‘वार्षिक आय’ की सख्त शर्त लागू कर दी है, जिसके बाद अब हजारों महिलाएं इस योजना के दायरे से बाहर हो जाएंगी।
सबसे बड़ा बदलाव: ₹2 लाख की आय सीमा
हिमाचल दिवस (15 अप्रैल) के अवसर पर किन्नौर से लागू हुई इस योजना में पहले आय की कोई सीमा नहीं थी। लेकिन अब संशोधन के बाद, जिन महिलाओं के परिवार की वार्षिक आय 2 लाख रुपये से अधिक है, उन्हें हर महीने मिलने वाले 1500 रुपये नहीं दिए जाएंगे।
पुराने आवेदन रद्द, अब भरने होंगे ‘नए फॉर्म’
अगर आपने पहले ही इस योजना के लिए आवेदन कर दिया था, तो आपके लिए बुरी खबर है। सरकार ने स्पष्ट किया है कि पुराने आवेदन अब मान्य नहीं होंगे। आय की नई शर्त जुड़ने के कारण अब पूरी प्रक्रिया नए सिरे से शुरू होगी। महिलाओं को अब ‘कम आय’ का प्रमाण पत्र (Income Certificate) संलग्न कर नए सिरे से फॉर्म भरना होगा।
इन्हें नहीं मिलेगा योजना का लाभ (अपात्रता सूची)
सरकार ने उन परिवारों को इस योजना से पूरी तरह बाहर रखा है जहाँ कोई भी सदस्य सरकारी सेवा में है। लाभ नहीं मिलेगा यदि:
- परिवार का कोई सदस्य केंद्र या राज्य सरकार का कर्मचारी या पेंशनर हो।
- अनुबंध, आउटसोर्स, या दैनिक वेतनभोगी कर्मचारी हों।
- आंगनबाड़ी, आशा वर्कर, मिड-डे मील या मल्टी टास्क वर्कर हों।
- पूर्व सैनिक या उनकी विधवाएं हों।
- नगर निकायों या पंचायती राज संस्थाओं के कर्मचारी हों।
पात्रता और जरूरी दस्तावेज
योजना का लाभ केवल उन्हीं महिलाओं को मिलेगा जो:
- हिमाचल की स्थायी निवासी हैं।
- आयु 18 से 59 वर्ष के बीच है।
- बौद्ध मठों में रहने वाली भिक्षुणी भी इसके लिए पात्र हैं।
आवेदन के लिए ये कागजात तैयार रखें:
- हिमाचल बोनाफाइड (मूल निवास प्रमाण पत्र)
- आयु प्रमाण पत्र (मैट्रिक सर्टिफिकेट या जन्म प्रमाण पत्र)
- बैंक खाते का विवरण
- आधार कार्ड
- राशन कार्ड (शहरी क्षेत्र) या परिवार रजिस्टर की नकल (ग्रामीण क्षेत्र)
- 2 लाख से कम आय का प्रमाण पत्र
कहाँ करें आवेदन?
पात्र महिलाएं अपने क्षेत्र के जिला कल्याण अधिकारी या तहसील कल्याण अधिकारी के कार्यालय से नया आवेदन फॉर्म प्राप्त कर सकती हैं। सामाजिक न्याय एवं अधिकारिता विभाग के निदेशक सुमित खिमटा ने पुष्टि की है कि सरकारी आदेश मिलते ही नए फॉर्म भरने की प्रक्रिया शुरू कर दी जाएगी।
यह भी पढ़ें:- छात्र संघ चुनाव बहाली पर सरकार से चर्चा करेगी कांग्रेस: विनय कुमार
हिमाचल प्रदेश की सभी ताज़ा और सटीक खबरों के लिए जुड़े रहें हिमालयन डॉन के साथ।
WhatsApp चैनल:
Join WhatsApp Channel
Telegram चैनल:
Join Telegram Channel
Facebook पेज:
Join Facebook Page
