हिमाचल में ‘सेहत’ के नाम पर महाघोटाला: 9 जिलों के निजी अस्पताल विजिलेंस के रडार पर, 60% संस्थानों ने लगाया सरकार को चूना!

On: April 30, 2026 1:09 PM
हमें फॉलो करें:
Vigilance-Investigation-Himcare-Scam-Himachal-Private-Hospitals
--विज्ञापन यहां--

Whatsapp Channel

Join Now

Telegram Group

Join Now

हिमालयन डॉन संवाददाता, शिमला। देवभूमि हिमाचल में मरीजों के लिए वरदान मानी जाने वाली हिमकेयर (HIMCARE) योजना अब भ्रष्टाचार के बड़े खेल का अड्डा बन चुकी है। प्रदेश के स्वास्थ्य महकमे में उस समय हड़कंप मच गया जब शुरुआती जांच में यह खुलासा हुआ कि प्रदेश के लगभग 60 प्रतिशत निजी अस्पताल किसी न किसी स्तर पर फर्जीवाड़े में शामिल हैं।

​विजिलेंस ने अब इस जालसाजी की जड़ तक पहुंचने के लिए साइबर एक्सपर्ट्स और फोरेंसिक टीमों को मैदान में उतार दिया है।

डिजिटल रिकॉर्ड में छिपा है राज

​सूत्रों के मुताबिक, विजिलेंस अब अस्पतालों के कंप्यूटर सिस्टम, बिलिंग डेटा और क्लेम हिस्ट्री को खंगाल रही है। जांच एजेंसियां यह देख रही हैं कि कैसे डिजिटल रिकॉर्ड में हेरफेर कर सरकार से करोड़ों रुपये का क्लेम वसूला गया। साइबर एक्सपर्ट यह पता लगाने में जुटे हैं कि क्या कोई विशेष सॉफ्टवेयर या तकनीकी सेंधमारी कर फर्जी बिल जेनरेट किए गए थे।

4 जिले घोटाले का केंद्र: कागजों पर हुआ इलाज!

​जांच में सबसे चौंकाने वाला तथ्य यह सामने आया है कि ऊना, कांगड़ा, मंडी और बिलासपुर जिले इस घोटाले के ‘एपिसेंटर’ (केंद्र) हैं। यहां के कई अस्पतालों में कागजों पर तो बड़े-बड़े ऑपरेशन और इलाज दिखाए गए, लेकिन धरातल पर मरीज का कोई वजूद ही नहीं मिला। यानी, इलाज सिर्फ फाइलों में हुआ और पैसा सीधे अस्पतालों की जेब में गया।

​इन जिलों को छोड़कर पूरे प्रदेश में फैला जाल

​विजिलेंस की रडार पर प्रदेश के 9 जिले हैं। केवल किन्नौर, चंबा और लाहुल-स्पीति ही फिलहाल इस दाग से बचे हुए नजर आ रहे हैं। बाकी पूरे प्रदेश में निजी अस्पतालों का एक बड़ा नेटवर्क इस सुनियोजित घोटाले में शामिल बताया जा रहा है।

बड़े नामों पर गिरेगी गाज: जैसे-जैसे डिलीट किया गया डेटा रिकवर हो रहा है, जांच की तपिश बड़े रसूखदारों तक पहुंच रही है। कयास लगाए जा रहे हैं कि आने वाले दिनों में कई बड़े अस्पताल मालिकों और संबंधित अधिकारियों पर कड़ी कार्रवाई हो सकती है।

विजिलेंस की इस कार्रवाई से उन निजी अस्पतालों में खौफ का माहौल है, जिन्होंने गरीबों की सेहत के नाम पर सरकारी खजाने में डाका डाला है।

यह भी पढ़ें:- हिमाचल में फिर करवट बदलेगा मौसम: 5 मई तक ‘आसमान से बरसेंगे बादल’, 5 जिलों के लिए येलो अलर्ट जारी

हिमाचल प्रदेश की सभी ताज़ा और सटीक खबरों के लिए जुड़े रहें हिमालयन डॉन के साथ।
WhatsApp चैनल:
Join WhatsApp Channel⁠
Telegram चैनल:
Join Telegram Channel⁠
Facebook पेज:
Join Facebook Page

Akshay Chauhan

अक्षय चौहान पिछले 12 वर्षों से पत्रकारिता एवं मीडिया प्रबंधन के क्षेत्र में सक्रिय हैं। वे साप्ताहिक हिमालयन डॉन के संपादकीय एवं प्रबंधन कार्यों का सफलतापूर्वक नेतृत्व कर रहे हैं। समाचार संकलन, संपादन, डिजिटल मीडिया, कंटेंट प्रबंधन तथा समाचार पत्र के संचालन में उनका व्यापक अनुभव रहा है।

व्हाट्सएप से जुड़ें

अभी जुड़ें

टेलीग्राम से जुड़ें

अभी जुड़ें

इंस्टाग्राम से जुड़ें

अभी जुड़ें